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मुजफ्फरपुर जंक्शन पर दर्दनाक हादसा: ट्रेन की चपेट में आने से रिटायर्ड सैन्य अधिकारी की मौत

मुजफ्फरपुर जंक्शन पर मंगलवार सुबह एक हृदय विदारक घटना में एक सेवानिवृत्त सैन्य अधिकारी की ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। यह हादसा सुबह लगभग 4:46 बजे प्लेटफॉर्म नंबर एक पर रेल साइबर थाने के सामने हुआ, जब 75 वर्षीय मो. अख्तर लखनऊ-बरौनी एक्सप्रेस से उतरने के दौरान फिसल गए।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, मो. अख्तर अपने बेटे अरशद के साथ लखनऊ से दरभंगा जा रहे थे। वे सेना में सूबेदार मेजर के पद से सेवानिवृत्त हुए थे और लखनऊ कैंटोनमेंट एरिया के राजीव नगर घोसियाना के निवासी थे। उनके पास से आधार कार्ड और सैन्य सेवानिवृत्ति पहचान पत्र बरामद हुए हैं।

रेल पुलिस के मुताबिक, पिता-पुत्र दोनों 15204 लखनऊ-बरौनी एक्सप्रेस से मुजफ्फरपुर पहुंचे थे और दरभंगा जाने के लिए यहां उतरे थे। बेटे अरशद ने पुलिस को बताया कि मुजफ्फरपुर पहुंचने के बाद वे दोनों ट्रेन से उतर गए थे। हालांकि, कुछ देर बाद मो. अख्तर अचानक फिर से ट्रेन में चढ़ गए। अरशद को समझ नहीं आया कि उनके पिता दोबारा ट्रेन में क्यों गए। इसी दौरान ट्रेन चल पड़ी। ट्रेन से उतरते समय मो. अख्तर का पैर पायदान से फिसल गया और वे सीधे ट्रैक पर जा गिरे, जिससे वे ट्रेन की चपेट में आ गए।

हादसे की सूचना मिलते ही आरपीएफ और जीआरपी के अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे। घटनास्थल पर मो. अख्तर का शव दो टुकड़ों में पड़ा मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए एसकेएमसीएच भेजा और बाद में परिजनों को सौंप दिया। रेल थानेदार रंजीत कुमार ने बताया कि बेटे के बयान के आधार पर जीआरपी में यूडी (अप्राकृतिक मृत्यु) केस दर्ज किया गया है।

सुबह-सुबह हुए इस हादसे के बाद जंक्शन पर कुछ समय के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया। आरपीएफ इंस्पेक्टर मनीष कुमार ने बताया कि घटना की पूरी जानकारी जुटाने के लिए जंक्शन पर लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि यह हादसा ट्रेन से उतरने के दौरान गिरने से हुआ।


अस्वीकरण: यह समाचार उपलब्ध स्थानीय स्रोतों के आधार पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सहायता से तैयार किया गया है। AI से त्रुटियाँ संभव हैं और इस सामग्री की सटीकता या प्रामाणिकता की कोई गारंटी नहीं दी जा सकती। TheAinak केवल सूचनाओं का संकलन करता है और इसकी विषय-वस्तु के लिए उत्तरदायी नहीं है। पाठकों से अनुरोध है कि किसी भी जानकारी पर भरोसा करने या उसके आधार पर कोई कार्रवाई करने से पहले उसकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि अवश्य कर लें।

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