NEET पेपर लीक विवाद के बीच शिक्षा मंत्री प्रधान ने की सेकंड टॉपर से मुलाकात, बधाई दी
NEET पेपर लीक विवाद के बीच शिक्षा मंत्री प्रधान ने की सेकंड टॉपर से मुलाकात, बधाई दी
राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET UG) 2026 में कथित पेपर लीक और इसके बाद हुए विरोध प्रदर्शनों के बीच, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार, 19 जुलाई, 2026 को NEET UG 2026 की पुन:परीक्षा में अखिल भारतीय रैंक-2 (AIR-2) हासिल करने वाले छात्र पांशुल बंसल से मुलाकात की। मंत्री ने बंसल को उनकी असाधारण सफलता के लिए बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET पेपर लीक को लेकर व्यापक विरोध प्रदर्शन जारी हैं। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) सहित कई संगठन शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। शनिवार, 18 जुलाई को, एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को, जो जंतर-मंतर पर आमरण अनशन पर बैठे थे, तबीयत बिगड़ने के बाद दिल्ली पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया था। इसके अतिरिक्त, दिल्ली पुलिस ने CJP के सोमवार, 20 जुलाई को प्रस्तावित ‘चलो संसद मार्च’ को रोकने के लिए BNSS की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी है।
प्रधान ने एक्स पर साझा की तस्वीरें
धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पांशुल बंसल के साथ अपनी तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि उन्होंने हरियाणा के इस होनहार छात्र से मुलाकात की और उन्हें उनकी उपलब्धि पर बधाई दी। प्रधान ने कहा कि पांशुल का प्रदर्शन भारत के युवाओं की कड़ी मेहनत, समर्पण और उनकी आकांक्षाओं का प्रतीक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि पांशुल अपने उत्कृष्ट कार्य और सेवा से देश के स्वास्थ्य सेवा पारिस्थितिकी तंत्र में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
पांशुल बंसल का प्रदर्शन
हरियाणा के फरीदाबाद के रहने वाले पांशुल बंसल ने NEET की पुन:परीक्षा में 720 में से 715 अंक हासिल किए हैं। उन्होंने पंजाब के आर्यन गुप्ता के साथ सर्वाधिक अंक प्राप्त किए, लेकिन टाई-ब्रेकिंग नियमों के कारण उन्हें दूसरी रैंक मिली।
NEET परीक्षा का घटनाक्रम
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने मूल रूप से NEET UG 2026 परीक्षा 3 मई, 2026 को आयोजित करने की योजना बनाई थी। हालांकि, परीक्षा से पहले पेपर लीक होने की खबरों के बाद NTA ने परीक्षा रद्द कर दी। इसके बाद, 21 जून, 2026 को परीक्षा दोबारा आयोजित की गई, जिसके परिणाम अब घोषित किए गए हैं। इस पूरे घटनाक्रम ने देश भर में छात्रों और अभिभावकों के बीच चिंता और आक्रोश पैदा किया है, जिसके चलते लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
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