लोक अदालत के महत्व पर एसकेजे लॉ कॉलेज ने निकाली जागरूकता रैली, छात्रों ने नुक्कड़ नाटक से समझाया लाभ
मुजफ्फरपुर में न्याय तक पहुँच को सुगम बनाने और लोक अदालत के प्रति जन जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से, एसकेजे लॉ कॉलेज ने गुरुवार को एक प्रभावशाली जागरूकता रैली का आयोजन किया। इस पहल में कॉलेज के छात्रों ने सक्रिय रूप से भाग लिया, जिन्होंने न केवल शहर की सड़कों पर लोक अदालत के संदेश को पहुँचाया, बल्कि नुक्कड़ नाटक के माध्यम से इसके लाभों और उपयोगिता को भी जीवंत रूप से प्रस्तुत किया।
रैली का मुख्य उद्देश्य आम जनता को लोक अदालत की कार्यप्रणाली, इसके माध्यम से होने वाले त्वरित और किफायती न्याय तथा विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान के बारे में शिक्षित करना था। छात्रों ने विभिन्न नारों और तख्तियों के साथ शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
नुक्कड़ नाटक: न्याय का सरल मंच
इस जागरूकता अभियान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा नुक्कड़ नाटक था, जिसे छात्रों ने बड़ी कुशलता से प्रस्तुत किया। नाटक के माध्यम से, उन्होंने दिखाया कि कैसे लोक अदालतें छोटे-मोटे विवादों, पारिवारिक कलहों, मोटर दुर्घटना दावों और अन्य दीवानी मामलों को बिना किसी जटिल कानूनी प्रक्रिया के सुलझाने में मदद करती हैं। नाटक ने यह भी स्पष्ट किया कि लोक अदालत में मामलों का निपटारा आपसी सहमति से होता है, जिससे दोनों पक्षों के बीच कटुता कम होती है और संबंधों में सुधार आता है। इसके अतिरिक्त, लोक अदालत में कोई कोर्ट फीस नहीं लगती, और यदि पहले से कोई फीस जमा की गई हो, तो वह भी वापस कर दी जाती है, जिससे यह आम आदमी के लिए न्याय का एक सुलभ और सस्ता माध्यम बन जाता है।
कॉलेज प्रबंधन का उत्साहवर्धन
इस महत्वपूर्ण आयोजन में एसकेजे लॉ कॉलेज के निदेशक जयंत कुमार भी शामिल हुए, जिन्होंने छात्रों के प्रयासों की सराहना की। प्राचार्य डॉ. केकेएन तिवारी, एनएसएस इकाई के कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. एसपी चौधरी, लीगल एड के समन्वयक प्रो. विश्वजीत कुमार, सहायक प्राध्यापक साक्षी, अभिषेक आनंद, अदिति आनंद और प्रो. आशुतोष कुमार सहित अन्य फैकल्टी सदस्यों ने भी विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया और उन्हें इस नेक कार्य के लिए प्रेरित किया। कॉलेज प्रबंधन का मानना है कि ऐसे आयोजन छात्रों को सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करते हैं और उन्हें भविष्य के कानूनी पेशेवरों के रूप में तैयार करते हैं जो समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।
यह रैली मुजफ्फरपुर में लोक अदालत के प्रति समझ और स्वीकृति बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई, जिससे अधिक से अधिक लोग इस वैकल्पिक विवाद समाधान तंत्र का लाभ उठा सकें।
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