स्थानीय

मुजफ्फरपुर प्रसाद अस्पताल अग्निकांड: तीन गिरफ्तार, अस्पताल मालिक पर भी लटकी गिरफ्तारी की तलवार

प्रसाद अस्पताल अग्निकांड में पुलिस की बड़ी कार्रवाई

मुजफ्फरपुर के ब्रह्मपुरा स्थित प्रसाद अस्पताल में हुई भीषण अग्निकांड की घटना ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। आईसीयू वार्ड में लगी आग के कारण छह मरीजों की दर्दनाक मौत के मामले में पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए पहली बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अस्पताल के मेंटेनेंस हेड, एडमिनिस्ट्रेटर और ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर को गिरफ्तार कर लिया है।

लापरवाही का बड़ा मामला

सिटी एसपी मो. मोहिबुल्लाह अंसारी ने बताया कि अग्निशमन विभाग की शिकायत पर दर्ज प्राथमिकी के बाद यह कार्रवाई की गई है। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि अस्पताल प्रबंधन और ऑन-ड्यूटी स्टाफ ने सुरक्षा मानकों को लेकर घोर लापरवाही बरती थी। पुलिस ने घटना के बाद करीब दस लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी, जिसमें से तीन मुख्य आरोपियों की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है।

मालिक की भूमिका पर जांच

पुलिस अब इस मामले में अस्पताल के मालिक और निदेशक की भूमिका की भी गहन जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में यह साबित होता है कि अस्पताल के निर्माण, फायर सेफ्टी मानकों के पालन या प्रबंधन के स्तर पर मालिक की लापरवाही रही है, तो उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस भवन निर्माण की संरचना और सुरक्षा व्यवस्था के हर पहलू को खंगाल रही है।

क्या हुआ था उस रात?

गुरुवार तड़के करीब साढ़े तीन से चार बजे के बीच अस्पताल की पांचवीं मंजिल पर स्थित आईसीयू में शॉर्ट सर्किट के बाद एयर कंडीशनर में विस्फोट हुआ था। वार्ड पूरी तरह से सील होने के कारण धुआं अंदर ही भर गया, जिससे मरीज दम घुटने से अपनी जान नहीं बचा सके। परिजनों का आरोप है कि आग लगने के बाद अस्पताल के कर्मचारी मरीजों को बचाने के बजाय मौके से फरार हो गए।

  • घटना में कुल छह मरीजों की जान गई।
  • अस्पताल के डॉक्टर पंकज, मेंटेनेंस कांट्रैक्टर अमित कुमार और एडमिनिस्ट्रेटर रामकुमार गिरफ्तार।
  • भवन निर्माण और फायर सेफ्टी मानकों की हो रही है विस्तृत जांच।
  • अन्य कर्मचारियों की भूमिका पर भी पुलिस की नजर।

इस घटना के बाद से ही अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और जांच के दायरे में जो भी आएगा, उस पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


अस्वीकरण: यह समाचार उपलब्ध स्थानीय स्रोतों के आधार पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सहायता से तैयार किया गया है। AI से त्रुटियाँ संभव हैं और इस सामग्री की सटीकता या प्रामाणिकता की कोई गारंटी नहीं दी जा सकती। TheAinak केवल सूचनाओं का संकलन करता है और इसकी विषय-वस्तु के लिए उत्तरदायी नहीं है। पाठकों से अनुरोध है कि किसी भी जानकारी पर भरोसा करने या उसके आधार पर कोई कार्रवाई करने से पहले उसकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि अवश्य कर लें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button